ब्रह्मनारायणस्तवः — शिवस्य प्रभवत्व-प्रतिपादनम्
अहिंसायाप्रलोभाय पशुमन्त्रौषधाय च नमः पुष्टिप्रदानाय सुशीलाय सुशीलिने
ahiṃsāyāpralobhāya paśumantrauṣadhāya ca namaḥ puṣṭipradānāya suśīlāya suśīline
अहिंसा और अलोभ-स्वरूप शिव को नमस्कार; देहधारी पशुओं (जीवों) के लिए मंत्र और औषधि-रूप प्रभु को नमस्कार। पुष्टिदाता, समृद्धि-प्रदाता, सुशील तथा दूसरों में सुशीलता स्थापित करने वाले महेश्वर को नमस्कार।
Suta Goswami (narrating a Shiva-stuti within the Linga Purana discourse)