Sudeva Identifies Damayantī in Cedi (सुदेवेन दमयन्ती-परिचयः)
प्रार्थयेद् यदि मां कश्चिद् दण्ड्यस्ते स पुमान् भवेत् | वध्यश्न तेडसकृन्मन्द इति मे वब्रतमाहितम्,“यदि कोई पुरुष मुझे प्राप्त करना चाहे तो वह आपके द्वारा दण्डनीय हो और बार-बार ऐसे अपराध करनेवाले मूढ़को आप प्राणदण्ड भी दें, यही मेरा निश्चित व्रत है
बृहदश्चव उवाच