Ākiṃcanya–Tyāga Upadeśa
The Instruction on Non-ownership and Renunciation
तमागतं खगं दृष्टवा गौतमो विस्मितो5भवत् । क्षुत्पिपासापरिश्रान्तो हिंसार्थी चाभ्यवैक्षत
उस पक्षी को आते देख गौतम आश्चर्य से चकित हो उठा। वह भूख-प्यास से व्याकुल था और मार्ग-श्रम से भी अत्यन्त क्लान्त; इसलिए उसे मार डालने की इच्छा से उसने उसकी ओर दृष्टि की।
भीष्म उवाच