ब्रह्मनारायणस्तवः — शिवस्य प्रभवत्व-प्रतिपादनम्
नमो वै पद्मवर्णाय मृत्युघ्नाय च मृत्यवे नमो गौराय श्यामाय कद्रवे लोहिताय च
namo vai padmavarṇāya mṛtyughnāya ca mṛtyave namo gaurāya śyāmāya kadrave lohitāya ca
कमल-वर्ण प्रभु को नमस्कार; मृत्यु का नाश करने वाले—और स्वयं मृत्यु-स्वरूप को भी नमस्कार। गौर-स्वरूप और श्याम-स्वरूप को नमस्कार; कद्रव (ताम्र-भूरा) तथा लोहित (रक्त-वर्ण) को नमस्कार।
Suta Goswami (narrating a hymn of praise within the Linga Purana’s Shaiva stuti tradition)