महापद्माटव्यार्घ्यस्थापनकथनम्
Establishing the Arghya in the Mahāpadmāṭavī
सर्वरञ्जनशक्तिश्च सर्वोन्मादनिशक्तिका / सर्वार्थसाधिका शक्तिः सर्वसंपत्तिपूरिणी
sarvarañjanaśaktiśca sarvonmādaniśaktikā / sarvārthasādhikā śaktiḥ sarvasaṃpattipūriṇī
वह शक्ति सबको रिझाने वाली और सबको उन्मत्त करने वाली है। वह समस्त प्रयोजनों को सिद्ध करने वाली तथा समस्त संपत्तियों को पूर्ण करने वाली है।