भण्डासुरवधोत्तरकृत्य-देवस्तुति
Aftermath of Bhaṇḍāsura’s Slaying and the Gods’ Hymn to Lalitā
सशर्वसिद्धादि कशक्तिवन्द्ये सर्वज्ञविज्ञातपदारविन्दे / सर्वाधिके सर्वगते समस्तसिद्धिप्रदे श्रीललिते नमस्ते
saśarvasiddhādi kaśaktivandye sarvajñavijñātapadāravinde / sarvādhike sarvagate samastasiddhiprade śrīlalite namaste
हे शर्वसिद्ध आदि क-शक्तियों से वन्दिते, सर्वज्ञ द्वारा ज्ञात तुम्हारे चरण-कमल वाली! सर्वाधिके, सर्वगते, समस्त सिद्धियों को देने वाली श्रीललिते—तुम्हें नमस्ते।