व्यासशिष्योत्पत्तिवर्णन (Origins/Enumeration of Vyāsa’s Disciplic Succession) — Chapter on Vedic Transmission Lineages
परमब्रह्मणे तस्मै नित्यमेव नमोनमः / कृते पुनः क्रिया नास्ति कुत एवाकृतक्रियाः
paramabrahmaṇe tasmai nityameva namonamaḥ / kṛte punaḥ kriyā nāsti kuta evākṛtakriyāḥ
उस परमब्रह्म को नित्य-नित्य नमस्कार है। जब कृत (पूर्ण) हो गया, तब फिर क्रिया नहीं रहती; तो जो अभी अकृत-क्रिया हैं, उनका तो कहना ही क्या।