अधोलोकवर्णनम् (Adholoka-varṇana) — Description of the Lower Worlds and Cosmographic Measures
उदयास्तमनेर्ऽकस्य अहोरात्रं विशत्यपः / देनं सूर्यप्रकाशाख्यं तामसी रात्रिरूच्यते
udayāstamaner'kasya ahorātraṃ viśatyapaḥ / denaṃ sūryaprakāśākhyaṃ tāmasī rātrirūcyate
सूर्य के उदय और अस्त के कारण जल अहोरात्र में प्रवेश करता है; सूर्य-प्रकाश से युक्त भाग ‘दिन’ कहलाता है और तमोगुणी भाग ‘रात्रि’ कहा जाता है।