प्रभासे कृष्णार्जुनसमागमः तथा द्वारकाप्रवेशः | Kṛṣṇa–Arjuna Meeting at Prabhāsa and Entry into Dvārakā
सुन्द और उपसुन्दका अत्याचार तिलोत्तमाके लिये सुन्द और उपसुन्दका युद्ध तिलोत्तमायां तस्यां तु गतायां लोकभावन: । सर्वान् विसर्जयामास देवानृषिगणांश्व॒ तान्,तिलोत्तमाके चले जानेपर लोकस्रष्टा ब्रह्माजीने उन सम्पूर्ण देवताओं और महर्षियोंको विदा किया
Als Tilottamā fortgegangen war, entließ Brahmā, der Schöpfer der Welt, all jene Götter und die Scharen der Rishis.
नारद उवाच