कर्मयोग–ज्ञानयज्ञ–अवतारोपदेश
Karma-Yoga, Jñāna-Yajña, and Avatāra Instruction
सम्बन्ध-- अजुनने जो यह बात कही थी कि “मैं इनको मारना नहीं चाहता और यदि वे मुझे मार डालें तो वह मेरे लिये क्षेमतर होगा” उसका समाधान करनेके लिये अगले शलोकोमें आत्माको मरने या मारनेवाला मानना अज्ञान है
ya enaṁ vetti hantāraṁ yaś cainaṁ manyate hatam | ubhau tau na vijānīto nāyaṁ hanti na hanyate ||
三阇耶说道:凡以为“我”(真我、阿特曼)能杀者,及以为“我”会被杀者——二者皆不知其理。因为真我在真实中既不杀人,也不可为人所杀。
संजय उवाच