नलस्य बाहुकत्वेन ऋतुपर्णनगरप्रवेशः
Nala as Bāhuka enters Ṛtuparṇa’s city
यूथशो ददृशे चात्र विदर्भाधिपनन्दिनी । महिषांश्व वराहांश्व ऋक्षांश्व॒ वनपन्नगान्,विदर्भराजनन्दिनीने उस वनमें झुंड-के-झुंड भैंसे, सूअर, रीछ और जंगली साँप देखे। तेज, यश, शोभा और परम धैर्यसे युक्त विदर्भक़्रमारी उस समय अकेली विचरती और नलको ढूँढ़ती थी
Doon din, ang prinsesang Vaidebhī, anak ng hari ng Vidarbha, ay nakakita roon ng mga kawan-kawang kalabaw, kabayo, baboy-ramo, oso, at mga ahas ng gubat.
बृहृदश्च उवाच