Kuberasaras-darśana (Bhīma beholds Kubera’s guarded lotus-lake) / कुबेरसरः-दर्शनम्
द्विजातीनामृतं धर्मो होकश्चैवैकलक्षण: । यज्ञाध्ययनदानानि त्रयः साधारणा: स्मृता:,द्विजातियोंका मुख्य धर्म है सत्य (सत्य-भाषण, सत्य-व्यवहार, सद्भाव)। यह धर्मका एक प्रधान लक्षण है। यज्ञ, स्वाध्याय और दान--ये तीन धर्म द्विजमात्रके सामान्य धर्म माने गये हैं
ธรรมสำคัญของผู้เป็นทวิชะคือ “สัจจะ” นั่นแลเป็นลักษณะใหญ่ของธรรม ส่วนยัญพิธี การศึกษาทบทวนพระเวท (สวาธยายะ) และทาน—ทั้งสามนี้ถือเป็นธรรมร่วมของทวิชะทั้งปวง
वैशम्पायन उवाच