Kuru Prosperity under Bhīṣma and the Succession of Pāṇḍu (कुरुराष्ट्रसमृद्धिः पाण्डुराज्यप्राप्तिश्च)
स धर्मशास्त्रकुशलं भीष्म शान्तनवं नृप: । पूजयामास धर्मेण स चैनं प्रत्यपालयत्,शान्तनुनन्दन भीष्म धर्म एवं राजनीति आदि शास्त्रोंमें कुशल थे; अतः राजा विचित्रवीर्य धर्मपूर्वक उनका सम्मान करते थे और भीष्मजी भी इन अल्पवयस्क नरेशकी सब प्रकारसे रक्षा करते थे
พระเจ้าวิชิตรวีรยะทรงถวายความเคารพแก่ภีษมะ โอรสแห่งศานตนุ ผู้ชำนาญในธรรมศาสตร์และนิติศาสตร์ ด้วยธรรมานุภาพ; และภีษมะก็ทรงอภิบาลกษัตริย์ผู้ยังเยาว์นั้นไว้โดยรอบด้าน
(गन्धर्व उवाच