धृतराष्ट्रस्य वंशोपदेशः
Dhṛtarāṣṭra’s Dynastic Counsel on Legitimate Rule
तन्मे विलपमानस्य वचन समुपेक्षसे । को<यं दुर्योधनो नाम कुले5स्मिन् कुलपांसन:,मैं भी उसी वंशकी रक्षाके लिये विलाप कर रहा हूँ; परंतु न जाने क्यों आप मेरे कथनकी उपेक्षा कर रहे हैं। मैं पूछता हूँ, यह कुलांगार दुर्योधन इस कुलका कौन है? जिसके लोभके वशीभूत होनेपर भी आप उसकी बुद्धिका अनुसरण कर रहे हैं। लोभने इसकी विवेकशक्ति हर ली है। इसकी बुद्धि दूषित हो गयी है तथा यह पूरा अनार्य बन गया है
tan me vilapamānasya vacanaṃ sam-upekṣase | ko 'yaṃ duryodhano nāma kule 'smin kula-pāṃsanaḥ ||
విదురుడు పలికెను— ఈ వంశ రక్షణకై నేను విలపిస్తున్నాను; అయినా మీరు నా మాటను ఉపేక్షిస్తున్నారు. చెప్పండి, ఈ కులంలో ‘దుర్యోధనుడు’ అనే ఈ కులకలంకుడు అసలు ఎవడు? లోభముచే మూర్ఛితుడైన ఇతని బుద్ధిని మీరు ఎందుకు అనుసరిస్తున్నారు? లోభమే ఇతని చైతన్యాన్ని హరించింది; ఇతని మతి కలుషితమై, అతడు పూర్తిగా అనార్యుడయ్యాడు.
विदुर उवाच