Draupadī-apaharaṇa-saṃdeśaḥ
Report of Draupadī’s Abduction and the Pāṇḍavas’ Pursuit
भीष्मद्रोणकृपादी श्र प्रवेक्ष्यन्त्यपरे5सुरा: । यैराविष्टा घृणां त्यक्त्वा योत्स्यन्ते तव वैरिभि:,दूसरे भी अनेक असुर भीष्म, द्रोणाचार्य और कृपाचार्य आदिके शरीरोंमें प्रवेश करेंगे, जिनसे आविष्ट होकर वे लोग दयाको त्यागकर आपके शत्रुओंके साथ युद्ध करेंगे
«И многие другие асуры также войдут в тела Бхишмы, Дроны, Крипы и им подобных. Одержимые ими, они отбросят сострадание и будут сражаться с твоими врагами.»
वैशम्पायन उवाच