एते हि विबुधा: सर्वे पुरन्दरमुखा दिवि,भामिनि! ये इन्द्र आदि समस्त देवता आकाशमें खड़े होकर मुसकराते हुए-से मेरी ओर इस भावसे देख रहे हैं कि मैं तुम्हारे द्वारा कैसा ठगा गया? देखो न, इन देवताओंकी ओर। मैंने तुम्हें पहलेसे ही दिव्य दृष्टि दे दी है, जिससे तुम मुझे देख सकती हो
スーリヤは言った。「気高き女よ。天上には、城砦を破るインドラを先頭に、あらゆる神々が立ち、微笑むかのようにして我を見つめている——『彼は彼女にいかに欺かれたのか』と。さあ、その神々の群れを見よ。汝が我を見得るよう、我はすでに天眼を授けておいたのだ。」
सूर्य उवाच