Adhyāya 141 — Night duels: Śaineya and Bhūriśravas; Droṇi and Ghaṭotkaca; Bhīma and Duryodhana
तृतीयं च चतुर्थ च पठ्चमं षष्ठमेव हि । सप्तमं चाष्टमं चैव नवमं दशमं तथा,परंतु भीमसेनने आधे निमेषमें ही उसे भी काट दिया। इसी प्रकार तीसरे, चौथे, पाँचवें छठे, सातवें, आठवें, नवें, दसवें, ग्यारहवें, बारहवें, तेरहवें, चौदहवें, पंद्रहवें और सोलहदें धनुषको भी भीमसेनने काट डाला
サञ्जयは言った。「ビーマセーナは第三と第四、第五と第六、第七と第八、第九と第十の弓を断ち切った。さらに同じく、第十一、第十二、第十三、第十四、第十五、そして第十六の弓をも次々に斬り落とした。」
संजय उवाच