Duḥṣantasya Vana-praveśaḥ
King Duḥṣanta’s Entry into the Forest Hunt
इस समय चेदिदेश पशुओंके लिये हितकर, पुण्यजनक, प्रचुर धन-धान्यसे सम्पन्न, स्वर्गके समान सुखद होनेके कारण रक्षणीय, सौम्य तथा भोग्य पदार्थों और भूमिसम्बन्धी उत्तम गुणोंसे युक्त है। यह देश अनेक पदार्थोंसे युक्त और धन-रत्न आदिसे सम्पन्न है। यहाँकी वसुधा वास्तवमें वसु (धन-सम्पत्ति)-से भरी-पूरी है। अतः तुम चेदिदेशके पालक होकर उसीमें निवास करो। यहाँके जनपद धर्मशील, संतोषी और साधु हैं। यहाँ हास- परिहासमें भी कोई झूठ नहीं बोलता, फिर अन्य अवसरोंपर तो बोल ही कैसे सकता है। पुत्र सदा गुरुजनोंके हितमें लगे रहते हैं, पिता अपने जीते-जी उनका बाँटवारा नहीं करते। यहाँके लोग बैलोंको भार ढोनेमें नहीं लगाते और दीनों एवं अनाथोंका पोषण करते हैं। मानद! चेदिदेशमें सब वर्णोंके लोग सदा अपने-अपने धर्ममें स्थित रहते हैं। तीनों लोकोंमें जो कोई घटना होगी, वह सब यहाँ रहते हुए भी तुमसे छिपी न रहेगी--तुम सर्वज्ञ बने रहोगे || ८-- १२ || देवोपभोग्यं दिव्यं त्वामाकाशे स्फाटिक॑ महत् । आकाशांगं त्वां मद्दत्तं विमानमुपपत्स्यते,जो देवताओंके उपभोगमें आने योग्य है, ऐसा स्फटिक मणिका बना हुआ एक दिव्य, आकाशचारी एवं विशाल विमान मैंने तुम्हें भेंट किया है। वह आकाशमें तुम्हारी सेवाके लिये सदा उपस्थित रहेगा
devopabhogyaṁ divyaṁ tvām ākāśe sphāṭikaṁ mahat | ākāśāṅgaṁ tvāṁ mad-dattaṁ vimānam upapatsyate ||
ヴァイシャンパーヤナは言った。「私は汝に、神々の享楽にもふさわしい、巨大で水晶のごとく澄みわたる天翔ける車—神妙なるヴィマーナを贈った。この我が授けし天空を行くヴィマーナは、天上にとどまり、常に汝の用に備えて在るであろう。」
वैशम्पायन उवाच
The verse underscores royal legitimacy and fortune as supported by divine-grade resources: a righteous ruler may be endowed with extraordinary means (a celestial vimāna), symbolizing protection, prestige, and the capacity to uphold dharma.
Vaiśampāyana narrates that a magnificent, crystal-like aerial vimāna—worthy even of the gods—has been gifted to the addressed person, and it will remain available in the sky to serve them whenever needed.