पञ्चवर्णोत्पत्तिः — The Origin of the Five-Colored Fiery Being and Ritual-Disruptor Lineages
सन्ति हाागमविज्ञाना: शिष्टा: शास्त्रे विचक्षणा: । स्वथधर्मेण क्रिया लोके कर्मण: सो5प्यसंकर:,संसारमें बहुत-से वेदवेत्ता और शास्त्रविचक्षण शिष्ट पुरुष विद्यमान हैं, उनके उपदेशके अनुसार स्वधर्मके पालनपूर्वक प्रत्येक कार्य करना चाहिये, इससे कर्मोंका संकर नहीं हो पाता
व्याध उवाच