Gaya’s Seven Aśvamedhas, Payoṣṇī Snāna, and the Śaryāti Sacrifice Locale
Lomaśa–Yudhiṣṭhira Dialogue
चषालयूपचमसा: स्थाल्य: पात्र्य: खुच: सख्रुवा: तेष्वेव चास्य यज्ञेषु प्रयोगा: सप्त विश्रुता:,प्राय: यज्ञोंमें चषाल, ->यूप, 3चमस, <स्थाली, “पात्री, “*सखुक् और »खुवा--ये सात साधन उपयोगमें लाये जाते हैं। राजा गयके पूर्वोक्त सातों यज्ञोंमें ये सभी उपकरण सुवर्णके ही थे, ऐसा सुना जाता है
लोगश उवाच