तस्मिन् संक्रन्दे तुमुले वर्तमाने सैन्ये भग्ने लीयमाने कुरूणाम् । अनीकानां प्रविभागे5प्रकाशे नाज्ञायन्त कुरवो नेतरे च,उस घमासान युद्धके आरम्भ होनेपर जब कौरव-सेना भागकर छिप गयी और सैनिकोंके विभाग लुप्त हो गये, उस समय कौरव अथवा पाण्डवयोद्धा पहचाने नहीं जाते थे
संजय उवाच