Bhagadattā’s Deployment Against Ghaṭotkaca; Elephant-Corps Escalation
आदित्यकेतु: सप्तत्या बह्ॉलाशी चापि पञ्चभि: | नवत्या कुण्डधारश्न विशालाक्षश्न पञ्चभि:,महाराज! आदित्यकेतुने सत्तर, बह्नाशीने पाँच, कुण्डधारने नब्बे, विशालाक्षने पाँच और अपराजितने महारथी महाबली भीमसेनको पराजित करनेके लिये उन्हें बहुत-से बाणोंद्वारा पीड़ित किया
संजय उवाच