अगम्यागमन-निष्कृति-निर्णयः
Expiations for Forbidden Sexual Relations
उपोष्य तच्छेषदिनं स्नात्वा कर्म समाचरेत् / तथैवान्याङ्गनां गत्वा तदुक्तार्थं समाचरेत्
upoṣya taccheṣadinaṃ snātvā karma samācaret / tathaivānyāṅganāṃ gatvā taduktārthaṃ samācaret
उस शेष दिन उपवास करके, स्नान कर विधिपूर्वक कर्म करे। उसी प्रकार अन्य स्त्री के पास जाकर भी, शास्त्र में कहे अर्थ के अनुसार आचरण करे।