ललितोपाख्याने जप-न्यास-योगप्रकरणम्
Lalitopākhyāna: Procedure of Japa, Nyāsa, and Yogic Installation
सर्वप्रियङ्करा देवी सर्वमङ्गलकारिणी / सर्वाघमोचिनी शक्तिः सर्वदुःखविमोचिनी
sarvapriyaṅkarā devī sarvamaṅgalakāriṇī / sarvāghamocinī śaktiḥ sarvaduḥkhavimocinī
देवी सबको प्रिय करने वाली, सब मंगल करने वाली है। वह शक्ति समस्त पापों से छुड़ाने वाली और समस्त दुःखों से विमुक्त करने वाली है।