भण्डपुत्रशोकः (Bhaṇḍa’s Lament for His Sons) — Lalitopākhyāna Episode
हा पुत्रा हा गुणोदारा हा मदेकपरायणाः / हा मन्नेत्रसुधापूरा हा मत्कुलविवर्धनाः
hā putrā hā guṇodārā hā madekaparāyaṇāḥ / hā mannetrasudhāpūrā hā matkulavivardhanāḥ
हाय पुत्रों! हाय गुण-सम्पन्नो! हाय जो केवल मुझ पर ही आश्रित थे! हाय मेरी आँखों के अमृत-से प्रिय! हाय मेरे कुल को बढ़ाने वाले!