भण्डासुरस्य मन्त्रणा
Bhaṇḍāsura’s War-Counsel against Lalitā
विषङ्गमनुसंचेलुः कृताग्रजनमस्कृतिम् / कूटेन युद्धकृत्येन विजिगीषुर्महेश्वरीम्
viṣaṅgamanusaṃceluḥ kṛtāgrajanamaskṛtim / kūṭena yuddhakṛtyena vijigīṣurmaheśvarīm
अग्रजों को प्रणाम कर वे विषङ्ग के पीछे-पीछे चले। कपटपूर्ण युद्ध-प्रयास से वे महेश्वरी को जीतना चाहते थे।