Yuga-Vibhāga and Kāla-Pramāṇa
Measures of Time and the Four Yugas
एवं चतुर्युगे काल ऋतैः संध्यांशकैः स्मृतः / नियुतान्येव षडिंशान्निरसानि युगानि वै
evaṃ caturyuge kāla ṛtaiḥ saṃdhyāṃśakaiḥ smṛtaḥ / niyutānyeva ṣaḍiṃśānnirasāni yugāni vai
इस प्रकार कृत आदि युगों की संध्याओं और संध्यांशों सहित चतुर्युग का काल स्मृत है; और युगों की संख्या सोलह नियुत (निर्व्याज) कही गई है।