Nīlakaṇṭha-nāmotpatti-kathana
Origin of the Epithet “Nīlakaṇṭha”
सूर्यायुतानामयुतप्रभाव नमो ऽस्तु ते चन्द्रसहस्रगौर / नमो ऽस्तु ते वज्रपिनाकधारिणे नमोस्तु ते देव हिरण्यवाससे
sūryāyutānāmayutaprabhāva namo 'stu te candrasahasragaura / namo 'stu te vajrapinākadhāriṇe namostu te deva hiraṇyavāsase
सूर्य के अयुतों के समान अयुत-प्रभाव वाले, चन्द्र के सहस्रों-सा गौरवर्ण! तुम्हें नमस्कार। वज्र और पिनाक धारण करने वाले! हे देव, हिरण्य-वस्त्रधारी! तुम्हें नमस्कार।