प्लक्षद्वीपवर्णनम्
Description of Plakṣa-dvīpa
तृतीयो नारदो नाम दुर्गशैलो महोच्चयः / तत्राचले समुत्पन्नौ पूर्वं नारदपर्वतौ
tṛtīyo nārado nāma durgaśailo mahoccayaḥ / tatrācale samutpannau pūrvaṃ nāradaparvatau
तीसरा पर्वत ‘नारद’ नाम का है, दुर्गम शैल और महान् उच्च शिखर वाला। उसी अचल पर प्राचीन काल में ‘नारद’ नामक पर्वत-समूह उत्पन्न हुए।