Vasiṣṭha-gamana
Vasiṣṭha’s Departure / The Episode of Sagara
संकेत गामिनः कांश्चित्कृत्वा राज्ये न्यवर्त्तत / एवं स विसरन्दिक्षु दक्षिणाभिमुखो नृपः
saṃketa gāminaḥ kāṃścitkṛtvā rājye nyavarttata / evaṃ sa visarandikṣu dakṣiṇābhimukho nṛpaḥ
कुछ लोगों को संकेत-पालक (दूत/गुप्तचर) बनाकर वह अपने राज्य में लौट आया; और वह राजा दिशाओं में विचरता हुआ दक्षिणाभिमुख हुआ।