एवं समीक्ष्यात्मनि चावमानं नियम्य मन्युं बलवान् स मानी । राजानुग: संसदि कौरवाणां विनिष्क्रामन् वाक्यमुवाच भीम:,इस प्रकार अपना अपमान होता देख बलवान् एवं मानी भीमसेन क्रोधको किसी प्रकार रोककर राजा युधिष्ठिरके पीछे कौरवसभासे निकलते हुए इस प्रकार बोले
এইভাবে নিজের অপমান দেখে বলবান ও আত্মাভিমানী ভীম কোনোমতে ক্রোধ সংযত করল। রাজা যুধিষ্ঠিরের অনুসরণে কৌরবসভা থেকে বেরোতে বেরোতে ভীম এই কথা বলল।
वैशम्पायन उवाच