परमात्मनि कुशलम् अध्यात्मगतिनिश्चयम् मैत्रावरुणिम् आसीनम् अभिवाद्य कृताञ्जलिः //
সপ্তম শ্লোক—মূল সংস্কৃত পাঠ না থাকায় অর্থানুবাদ দেওয়া যাচ্ছে না।