Vyāsa’s Counsel to Yudhiṣṭhira: Pratismṛti-vidyā, Arjuna’s Aśtra-Quest, and the Move to Kāmyaka
तस्य मार्गादपाक्रामन् सर्व भूतानि गच्छत: । युक्तस्यैन्द्रेण योगेन पराक्रान्तस्य शुष्मिण:,महान् पराक्रमी और महाबली अर्जुनके यात्रा करते समय उनके मार्गसे समस्त प्राणी दूर हट जाते थे; क्योंकि वे इन्द्रसे मिला देनेवाली प्रतिस्मृति नामक योगविद्यासे युक्त थे
وكان أرجونا، العظيمَ البأس شديدَ القوة، إذا سارَ في طريقه تنحّت عنه الكائناتُ كلُّها وابتعدت. إذ كان متلبِّسًا بيوغا تُوصله بإندرا، وقد امتلأ بأسًا ونخوةً.
वैशम्पायन उवाच