Saṃśaptakas in Candrārdha-vyūha; Arjuna’s Devadatta and the Traigarta Rout
Chapter 17
इति तद् व: प्रयततां कृतं पार्थेन संयुगे । मा विशड्कीर्वचो मह[मजेयौ कृष्णपाण्डवौ,“तुम सब लोगोंके प्रयत्न करनेपर भी उस युद्धस्थलमें अर्जुनने मेरे पूर्वोक्त कथनको सत्य कर दिखाया है। तुम मेरी बातपर संदेह न करना। वास्तवमें श्रीकृष्ण और अर्जुन मेरे लिये अजेय हैं
«ومع أنكم بذلتم جهدكم، فقد جعل بارثا (أرجونا) في ساحة القتال كلامي السابق حقيقةً واقعة. فلا تشكّوا في قولي. إن شري كريشنا وأرجونا الباندفي، في حقّي، لا يُغلَبان.»
संजय उवाच