Ādi Parva, Adhyāya 193 — Hastināpura Mantra: Duryodhana’s Proposals to Divide the Pāṇḍavas
इमे रथा: काउचनपदझचित्रा: सदश्वयुक्ता वसुधाधिपार्हा: । एतान् समारुह समेत सर्वे पाञज्चालराजस्य निवेशनं तत्,ये सुवर्णमय कमलोंसे सुशोभित तथा राजाओंकी सवारीके योग्य विचित्र रथ खड़े हैं, इनमें उत्तम घोड़े जुते हुए हैं; इनपर सवार हो आप सब लोग महाराज ट्रुपदके महलमें पधारें
«هذه عرباتٌ بديعةُ الزينة، تليق بملوك الأرض، وقد شُدَّت إليها خيولٌ أصيلة. فاركبوا جميعاً معاً، وامضوا إلى دار ملك البانشالا، دْرُوبَد.»
दूत उवाच