Kaurava Mobilization at Kurukṣetra (Duryodhana Orders War Preparations) / कुरुक्षेत्रे धार्तराष्ट्र-सैन्यसज्जा
भीमसेनने कहा--राजेन्द्र! ट्रपदकुमार शिखण्डी पितामह भीष्मका वध करनेके लिये ही उत्पन्न हुआ है। यह बात यहाँ पधारे हुए सिद्धों एवं महर्षियोंने बतायी है! संग्रामभूमिमें जब वह अपना दिव्यास्त्र प्रकट करता है, उस समय लोगोंको उसका स्वरूप महात्मा परशुरामके समान दिखायी देता है। मैं ऐसे किसी वीरको नहीं देखता, जो युद्धमें शिखण्डीको मार सके। राजन! जब महाव्रती भीष्म रथपर बैठकर अस्त्र-शस्त्रोंसे सुसज्जित हो सामने आयेंगे, उस समय द्वैरथ युद्धमें शूरवीर शिखण्डीके सिवा दूसरा कोई योद्धा उन्हें नहीं मार सकता। अतः मेरे मतमें वही प्रधान सेनापति होनेके योग्य है ।। २९-- ३२ || युधिषछिर उवाच सर्वस्य जगतस्तात सारासारं बलाबलम् | सर्व जानाति धर्मात्मा मतमेषां च केशव:,युधिष्ठिर बोले--तात! धर्मात्मा भगवान् श्रीकृष्ण सम्पूर्ण जगत्के समस्त सारासार और बलाबलको जानते हैं तथा इस विषयमें इन सब राजाओंका क्या मत है--इससे भी ये पूर्ण परिचित हैं
yudhiṣṭhira uvāca | sarvasya jagatas tāta sārāsāraṃ balābalam | sarvaṃ jānāti dharmātmā matam eṣāṃ ca keśavaḥ ||
由提施提罗说道:“亲爱的,心怀正法的凯沙瓦,洞悉世间一切:何者为精华,何者为空幻;何者为强,何者为弱。他也完全明了这些诸王在此事上的意见。”
युधिषछिर उवाच