Adhyāya 65: Dawn Assembly, Makara–Śyena Vyūhas, and Commander Engagements
सत्यव्रतश्न भद्रें ते पुरुमित्रश्न भारत । एते मद्राधिपरथं पालयन्त: स्थिता रणे,भारत! आपका भला हो। दुर्योधन, विकर्ण, दुःशासन, विविंशति, दुर्मर्षण, दुःसह, चित्रसेन, दुर्मुख, सत्यव्रत तथा पुरुमित्र--ये आपके पुत्र मद्रराजके रथकी रक्षा करते हुए युद्धभूमिमें डटे हुए थे
又有萨底耶弗罗多与补卢密多罗,婆罗多啊;此等众人皆立于阵中,守护摩陀罗之主的战车。
संजय उवाच