Vāmadeva’s Counsel on Rooted Kingship and Non-violent Victory (वामदेवोपदेशः—दृढमूलराजधर्मः)
भीष्म उवाच इत्युक्तो वामदेवेन सर्व तत् कृतवान् नृप: । तथा कुर्वस्त्वमप्पेती लोकौ जेता न संशय:,भीष्मजी कहते हैं--राजन्! वामदेवजीके इस प्रकार उपदेश देनेपर राजा वसुमना सब कार्य उसी प्रकार करने लगे। यदि तुम भी ऐसा ही आचरण करोगे तो निः:संदेह लोक और परलोक दोनों सुधार लोगे
بھیشم نے کہا—اے راجن! وام دیو کے یوں کہنے پر اُس نریپ نے سب کچھ اسی کے مطابق کر دکھایا۔ تم بھی اگر اسی طرح آچرن کرو گے تو بے شک اس لوک اور پرلوک—دونوں کے جیتنے والے ہو گے۔
भीष्म उवाच