गवां लोकवर्णनं तथा गोप्रदानफलश्रुतिः
Description of the ‘World of Cows’ and the Stated Fruits of Cow-Gift
भिक्षवे बहुपुत्राय श्रोत्रियायाहिताग्नये । दत्त्वा दशगवां दाता लोकानाप्रोत्यनुत्तमान्,जिसके बहुत-से पुत्र हों, जो श्रोत्रिय (वेदवेत्ता) और अन्निहोत्री ब्राह्मण हो और गौके लिये याचना कर रहा हो, ऐसे पुरुषको दस गौओंका दान करनेवाला दाता उत्तम लोकोंको पाता है
หากพราหมณ์ผู้มีบุตรมาก เป็นศฺโรตริยะ (ผู้รู้พระเวท) และเป็นอาหิตาคนิ (ผู้ตั้งไฟบูชา/ประกอบอัคนิโหตร) มาขอโค—ผู้ให้ซึ่งถวายโคสิบตัวแก่เขาย่อมบรรลุโลกอันประเสริฐยิ่ง
भीष्म उवाच