एवमुक्तो महाराज पार्थ: कृष्णमथाब्रवीत् । भीत: कुन्तीसुतो राजा राधेयस्याद्य विक्रमात्,महाराज! युधिष्ठिरके ऐसा कहनेपर अर्जुन भगवान् श्रीकृष्णसे बोले--'प्रभो! आज कुन्तीनन्दन राजा युधिष्ठिर राधापुत्र कर्णके पराक्रमसे भयभीत हो गये हैं
evam ukto mahārāja pārthaḥ kṛṣṇam athābravīt | bhītaḥ kuntīsuto rājā rādheyasyādya vikramāt ||
ସଞ୍ଜୟ କହିଲେ—ମହାରାଜ! ଏପରି କୁହାଯାଇଲା ପରେ ପାର୍ଥ ଅର୍ଜୁନ କୃଷ୍ଣଙ୍କୁ କହିଲେ—“ପ୍ରଭୁ! ଆଜି କୁନ୍ତୀପୁତ୍ର ରାଜା ଯୁଧିଷ୍ଠିର ରାଧେୟ କର୍ଣ୍ଣଙ୍କ ପରାକ୍ରମରେ ଭୟଭୀତ ହୋଇଛନ୍ତି।”
संजय उवाच