त्वत्सहायो नरव्यात्र लोकानां हितकाम्यया । वह भी संग्राममें सम्पूर्ण देवताओं और असुरोंद्वारा जीता नहीं जा सकता था। नरव्याप्र! मैं सम्पूर्ण लोकोंके हितके लिये और शिशुपाल एवं अन्य देवद्रोहियोंका वध करनेके लिये ही तुम्हारे साथ इस जगतूमें अवतीर्ण हुआ हूँ
ໂອ້ ນະຣະວຽປຣ! ເມື່ອມີເຈົ້າເປັນຜູ້ຊ່ວຍ ໃນສົງຄາມນັ້ນ ເທວະທັງປວງ ແລະ ອະສຸຣະທັງປວງ ກໍບໍ່ອາດຊະນະຂ້າໄດ້. ເພື່ອປະໂຫຍດແກ່ໂລກທັງປວງ ແລະເພື່ອປະຫານ ຊິຊຸປາລ ກັບຜູ້ກະບົດຕໍ່ເທວະອື່ນໆ ຂ້າຈຶ່ງອະວະຕານລົງມາໃນໂລກນີ້ຄຽງຂ້າງເຈົ້າ.
श्रीवायुदेव उवाच