Karna’s Martial Boast and Challenge to Bībhatsu
Arjuna
यस्त्वयं सायको दीर्घ: शिलीपृष्ठ: शिलीमुख: । अर्जुनस्यैष संग्रामे गुरुभारसहो दृढ:,जिसके पृष्ठभागमें मेढकीका चित्र है और जिसका मुखभाग भी मेढकीके मुखके समान ही बना हुआ है, यह विशाल खड़्ग अर्जुनका है। यह युद्धभूमिमें भारी आघातको सह सकनेमें समर्थ और मजबूत है
「そしてこの長大なる武器――背には蛙の印があり、先端もまた蛙の口のごとく作られている――これはアルジュナのもの。戦場において重き衝撃にも耐えうる、堅牢なる器である。」
उत्तर उवाच