Kuberasaras-darśana (Bhīma beholds Kubera’s guarded lotus-lake) / कुबेरसरः-दर्शनम्
अधर्मो यत्र ध्माख्यो धर्मश्चाधर्मसंज्ञित: । स विज्ञेयो विभागेन यत्र मुहान्त्यबुद्धयः,कहीं अधर्म ही धर्म कहलाता है और कहीं धर्म भी अधर्म कहा जाता है। अतः धर्म और अधर्मके स्वरूपका पृथक्-पृथक् ज्ञान प्राप्त करना चाहिये। बुद्धिहीनलोग इसमें मोहित हो जाते हैं
あるところではアダルマが「ダルマ」と呼ばれ、またあるところではダルマが「アダルマ」と名づけられる。ゆえに、ダルマとアダルマの相を明確に分別して知るべきである。智慧なき者はここに惑わされる。
वैशम्पायन उवाच