Gṛhastha-vṛtti and Niyama: Models of Householder Livelihood and Discipline (गृहस्थवृत्ति-नियमाः)
तस्मादुन्मज्जनस्यार्थे प्रयतेत विचक्षण: । एतदुन्मज्जनं तस्य यदयं ब्राह्मणो भवेत्,इसलिये बुद्धिमान् पुरुषको कालनद या भवसागरसे पार होनेका अवश्य प्रयत्न करना चाहिये। उसका पार होना यही है कि वह वास्तवमें ब्राह्मण बन जाय अर्थात् ब्रह्माज्ञान प्राप्त करे
ゆえに、賢明なる者は浮上し渡り切るために努めねばならぬ。彼にとっての真の渡岸とは、真実の意味でブラーフマナとなること、すなわちブラフマンの智(Brahma-jñāna)を得ることである。
व्यास उवाच