प्रजज्ञे राक्षसी पुत्र भीमसेनान्महाबलम् | विरूपाक्षं महावकत्र शड्कुकर्ण बिभीषणम्,कुछ कालके पश्चात् उस राक्षसीने भीमसेनसे एक महान् बलवान पुत्र उत्पन्न किया, जिसकी आँखें विकराल, मुख विशाल और कान शंकुके समान थे। वह देखनेमें बड़ा भयंकर जान पड़ता था
वैशम्पायन उवाच