अध्याय ९० — लोमशोपदेशः तथा तीर्थयात्रानिश्चयः
Lomaśa’s Counsel and the Resolve for Pilgrimage
ऋषिर्महान् महा भागो जमदग्निर्महायशा: । पलाशकेषु पुण्येषु रम्येष्वयजत प्रभु:,महाभाग, महायशस्वी और महाप्रभावशाली महर्षि जमदग्निने परम सुन्दर तथा पुण्यप्रद पलाशवनमें यज्ञ किया था
ṛṣir mahān mahābhāgo jamadagnir mahāyaśāḥ | palāśakeṣu puṇyeṣu ramyeṣv ayajata prabhuḥ ||
धौम्य बोले—महाभाग, महायशस्वी और महाप्रभावशाली महर्षि जमदग्नि ने परम रमणीय तथा पुण्यप्रद पलाश-वृक्षों के पवित्र उपवनों में यज्ञ किया था।
धौम्य उवाच