भीष्म–दुर्योधनसंवादः — शिखण्डिनं न हन्तुं कारणकथनम्
Amba-ākhyāna prologue
केकया: पज्च राजेन्द्र भ्रातरो दृढविक्रमा: । सर्वे चैव रथोदारा: सर्वे लोहितकध्वजा:
राजेन्द्र! केकय देश के पाँचों भाई राजकुमार दृढ़ पराक्रमी हैं। वे सभी उदार रथी माने गए हैं और उन सबकी ध्वजाएँ लाल रंग की हैं।
भीष्म उवाच