Yogakṣema, Purohita, and the Mucukunda–Vaiśravaṇa Dialogue (योगक्षेम–पुरोहित–मुचुकुन्दवैश्रवणसंवादः)
धनद उवाच बलवन्तस्त्वया पूर्वे राजान: सपुरोहिता: । न चैवं समवर्तन्त यथा त्वमिह वर्तसे
धनद (कुबेर) बोले—राजन्! तुम जैसे बलवान राजा पहले भी हुए हैं और उन्हें भी पुरोहितों का सहारा था; पर मेरे प्रति जैसा व्यवहार तुम यहाँ कर रहे हो, वैसा किसी ने नहीं किया।
धनद उवाच