मृदु-तीक्ष्ण-नीति तथा दुष्टलक्षण-विज्ञानम्
Measured Policy and the Recognition of Malicious Disposition
ब॒हस्पतिरु्वाच न जातु कलहेनेच्छेन्नियन्तुमपकारिण: । बालैरासेवितं होतद् यदमर्षो यदक्षमा
बृहस्पति बोले—राजन्! कोई भी राजा कभी कलह या युद्ध के द्वारा शत्रुओं को वश में करने की इच्छा न करे। असहनशीलता और क्षमा का त्याग—यह बालकों और मूर्खों द्वारा अपनाया गया मार्ग है।
भीष्म उवाच