सज्जं निवेदयामास पाण्डवस्य महात्मन: । नृपश्रेष्ठ! श्रीकृष्णके इस प्रकार आदेश देनेपर दारुकने व्याप्र-चर्मसे आच्छादित तथा शत्रुओंको तपानेवाले रथको जोतकर तैयार कर दिया और महामना पाण्डुकुमार अर्जुनके पास आकर निवेदन किया कि “आपका रथ सब सामग्रियोंसे सुसज्जित है”
श्रीकृष्ण के इस प्रकार आदेश देने पर दारुक ने व्याघ्रचर्म से आच्छादित, शत्रुओं को तपाने वाले रथ को जोतकर तैयार कर दिया। फिर वह महामना पाण्डुकुमार अर्जुन के पास आकर निवेदन करने लगा—“नृपश्रेष्ठ! आपका रथ सब सामग्रियों से सुसज्जित है।”
संजय उवाच